स्मार्ट मीटर या महिषासुर…?
सरकारी लूट का डिजिटल अवतार द्वारा – हरिदास महिषासुर के बारे में सुना था कि वह देवताओं और मनुष्यों को परेशान करता था। अब स्मार्ट मीटर आ गया है। फर्क…
सरकारी लूट का डिजिटल अवतार द्वारा – हरिदास महिषासुर के बारे में सुना था कि वह देवताओं और मनुष्यों को परेशान करता था। अब स्मार्ट मीटर आ गया है। फर्क…
हरिदास रचित; साप्ताहिक कॉलम ‘खुरचन’ (Weekly column ‘Khurchan’)रायपुर में यातायात केवल यात्रा नहीं है। यह जीवन-दर्शन है। किसी ने पूछा—“रायपुर कितना विकसित हो गया?” जवाब मिला—“इतना कि अब जाम में…
साप्ताहिक कॉलम “खुरचन” (Weekly Column by Haridas)गणपति बप्पा आ गए हैं। घरों में खुशियां हैं, पंडालों में रोशनी है और मोहल्लों में भक्ति का माहौल है। गणेशोत्सव का मूल उद्देश्य…
-खुरचन/हरिदास अब शहर में मकानों का नक्शा देखकर यह तय करना मुश्किल है कि यह घर है या व्यापारिक प्रतिष्ठान। कहीं बैठकखाना किराना दुकान बन चुका है, कहीं गैराज में…
द्वारा–हरिदास (Weekly Column)हमारे यहाँ स्मार्ट मीटर आए तो लगा कि बिजली व्यवस्था “स्मार्ट” होगी। आम आदमी ने सोचा, बिल कम आएगा, चोरी रुकेगी, हिसाब साफ होगा। लेकिन हुआ उल्टा। स्मार्ट…
-हरिदास (Weekly Column khurchan)हिन्दी पत्रकारिता के दो सौ साल पूरे हो गए। यह कम उपलब्धि नहीं है। दो सौ साल में आदमी लगभग दो से तीन बार फिर से जन्म…
संपादकीय – सुकांत राजपूत (Editorial By Sukant Rajput)एक के बाद एक राज्यों में करारी शिकस्त के बाद भी गांधी-नेहरू वाली पार्टी के युवराज को यह समझ क्यों नहीं आ रहा…
सुकांत राजपूत (9827181979) एक वक्त था जब तालिबान और हिंदुस्तान के रिश्ते खतरनाक थे। खुशकिस्मती से आज दोनों गलबहियां पा रहे हैं। दुनियाबी रिश्तों का एक वाक़या फ़िलहाल सहाफ़ी और…
चल भाग चलें…शहर सत्ता साप्ताहिक समाचार पत्र में प्रकाशित संपादकीय सुकांत राजपूत (Editorial by sukant rajput)समाज के अगुवा जमीन में मुंह गाड़े हैं। पुलिस कबरी बिलाई जैसी भूमिका अदा कर…
सम्पादिकी सुकांत राजपूत शहरसात्ता/ रायपुर. कुछ समय पहले तक यह सोचा भी नहीं जा सकता था कि कोई आईएएस अधिकारी गिरफ्तार हो जाएगा। भारत में अधिकारी गिरफ्तार नहीं होते थे।…
