वोट चोरी के आरोप पर CM साय का कांग्रेस और राहुल गांधी को करारा जवाब, कहा- राहुल गांधी देशद्रोही आचरण पर उतारू; चुनावी प्रक्रिया पर भरोसा नहीं तो सांसदी छोड़ देनी चाहिए
शहर सत्ता/रायपुर। (Election Commission of India)मुख्यमंत्री साय ने राहुल गांधी के चुनाव प्रक्रिया पर लगातार सवाल उठाने को लेकर भी सवाल किया। उन्होंने कहा कि अगर चुनाव आयोग और चुनावी प्रक्रिया पर इतना ही अविश्वास है, तो उन्हें सांसद पद से इस्तीफा दे देना चाहिए। मुख्यमंत्री ने राहुल गांधी से अपने बयानों के लिए देश से माफी मांगने की मांग भी की।
उन्होंने कहा कि संवैधानिक संस्थाओं पर आरोप लगाने के बजाय कांग्रेस को चुनावी नतीजों के बाद अपनी भूमिका और रणनीति पर विचार करना चाहिए। साय ने कांग्रेस पर देश में भ्रम और सनसनी फैलाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि संवैधानिक संस्थाओं की विश्वसनीयता पर लगातार सवाल उठाने से लोकतांत्रिक व्यवस्था को नुकसान पहुंचता है।

छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि राहुल गांधी देशद्रोही आचरण पर उतारू हो गए हैं। वे आदतन अपराधी की तरह व्यवहार कर रहे हैं। EVM, चुनाव आयोग और संवैधानिक संस्थाओं पर कीचड़ उछालना घिनौना काम है। कांग्रेस को इससे बाज आना चाहिए। राहुल गांधी को माफी मांगनी चाहिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि कांग्रेस अब तक 100 से ज्यादा चुनाव हार चुकी है, इसी कारण बौखलाई हुई है।

राहुल गांधी ने लगाया छत्तीसगढ़ में वोट चोरी का आरोप
दरअसल, मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR को लेकर चुनाव आयोग के भीतर कथित असहमति की खबरें सामने आने के बाद राहुल गांधी ने आयोग पर निशाना साधा था। 23 सितंबर को राहुल गांधी ने ‘वोट चोरी’ को भारतीय लोगों के खिलाफ अपराध और संविधान पर सीधा हमला बताया था। उन्होंने छत्तीसगढ़ में भी वोट चोरी का आरोप लगाया था। इन आरोपों पर चुनाव आयोग ने इन आरोपों के बाद कहा कि SIR से जुड़े फैसले सर्वसम्मति से लिए गए हैं।

चुनाव आयोग के भीतर कथित मतभेदों पर साय की प्रतिक्रिया
साय ने चुनाव आयोग के भीतर कथित मतभेदों की चर्चाओं पर भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग में किसी तरह का मतभेद नहीं है और भारतीय निर्वाचन आयोग की दुनिया में अपनी विश्वसनीयता है। आयोग की कार्यप्रणाली की अलग-अलग स्तरों पर सराहना होती रही है। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि कांग्रेस जब जनता की अदालत में चुनाव हारती है, तो अपनी हार की जिम्मेदारी लेने के बजाय चुनाव आयोग और चुनाव प्रक्रिया पर सवाल खड़े करने लगती है। यही वजह है कि राहुल गांधी लगातार चुनाव आयोग की भूमिका और चुनाव प्रक्रिया को लेकर सवाल उठा रहे हैं।





