Devotion to Shiva : मां पार्वती और भगवान शिव की भक्ति का सावन मास प्रारंभ

देवालयों में भगवान का विशेष श्रृंगार, रजत और पुष्प से श्रृंगार, शिव को प्रिय प्रसादी और आरती

शहर सत्ता/रायपुर। (Devotion to Shiva)हिंदू कैलेंडर के अनुसार सावन का महीना पांचवां महीना होता है। आषाढ़ खत्म होते ही श्रावण माह के कृष्ण पक्ष की प्रतिपदा तिथि से सावन का पवित्र महीना शुरू हो जाता है। इस माह को श्रावण के नाम से भी जाना जाता है। श्रावण का महीना भगवान शिव का सबसे प्रिय महीना होता है। भोले भंडारी को सावन का महीना प्रिय होने के पीछे एक कथा है।

सावन के महीने ही मां पार्वती ने भगवान शिव को पति के रूप में पाने के लिए कठोर तप किया था जिससे भगवान शिव प्रसन्न होकर मां पार्वती को पत्नी के रूप में स्वीकार किया था।श्रावण के महीने में तो हर दिन शिवजी और माता पार्वती की पूजा होती है, लेकिन सावन सोमवार का व्रत बहुत ही खास रहता है। शास्त्रों में सोमवार का दिन भगवान शिव को समर्पित होता है। इस कारण से सावन सोमवार का महत्व होता है।

जलाभिषेक, रुद्राभिषेक और कांवड़ यात्रा का महत्व

सावन के महीने में शिवलिंग का जलाभिषेक और रुद्राभिषेक का विशेष महत्व होता है। पूरे सावन महीने के दौरान हर दिन शिवजी की पूजा-उपासना करने पर सभी तरह की मनोकामना जल्दी पूरी होती हैं। सावन के महीने में सोमवार व्रत, मासिक शिवरात्रि और कांवड़ यात्रा का विशेष महत्व होता है।

सावन माह की प्रमुख तिथियां

साल 2026 में सावन माह 30 जुलाई से 28 अगस्त तक रहेगा। इस दौरान भगवान शिव की आराधना के साथ कई प्रमुख व्रत और त्योहार मनाए जाएंगे। 2 अगस्त को संकष्टी चतुर्थी, 9 अगस्त को कामिका एकादशी, 11 अगस्त को सावन मासिक शिवरात्रि, 12 अगस्त को श्रावण अमावस्या (हरियाली अमावस्या), 15 अगस्त को हरियाली तीज, 17 अगस्त को नाग पंचमी, 23 अगस्त को पुत्रदा एकादशी और 28 अगस्त को रक्षा बंधन (श्रावणी पूर्णिमा) का पर्व मनाया जाएगा। सावन माह में श्रद्धालु पूरे महीने भगवान शिव की विशेष पूजा-अर्चना, जलाभिषेक और व्रत-उपवास करेंगे।

सुबह 4 बजे से ही शिवभक्तों का लगा तांता

रायपुर शहर के प्राचीन शिव मंदिर महादेव घाट के हटकेश्वर महादेव मंदिर में सुबह 4 बजे से ही श्रद्धालु की भीड़ उमड़ पड़ती है। मंदिर को लेकर ऐसी ऐसी मान्यता है कि नंदी के कानों में बताई मनोकामना भगवान भोलेनाथ सुनते हैं और पूरी करते हैं। शास्त्रों में सोमवार का दिन भगवान शिव को समर्पित होता है। इस कारण से सावन सोमवार का महत्व होता है। रायपुर समेत छत्तीसगढ़ सभी शिवालयों में शिव भक्त माता पार्वती और अपने भोले भंडारी की पूजा अर्चना में तल्लीन हैं।

pradeep chandravanshi

जिला कवर्धा के ग्राम रुसे में जन्म लिया। खेती-किसानी के साथ शिक्षा और खेल में भी संतोषजनक सफलता मिली। वर्तमान में शहर सत्ता के लिए ख़बरों और प्रबंधन की महती जिम्मेदारी प्राप्त है। रायपुर प्रेस क्लब का विगत 9 वर्षों से सक्रीय सदस्य भी हूं।

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