0 मुझगहन थाना क्षेत्र की हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी, बोरियाकला में 2 जुलाई की दोपहर नशेड़ियों ने किया कपड़ा व्यवसायी पर हमला
शहर सत्ता/रायपुर। (Criminals Under Police Protection)रायपुर के मुझगहन थाना क्षेत्र की हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी, बोरियाकला में 2 जुलाई की दोपहर एक कपड़ा व्यवसायी अशफाक खान पर तीन युवकों द्वारा पत्थर, लाठी डंडे से हमला किया गया। नशे में धुत्त एक आरोपी कार्तिक ने अपने साथियों के साथ अशफाक से विवाद किया। दिनदहाड़े हुई इस रोंगटे खड़े कर देने वाली वारदात के बाद स्थानीय लोग कहने लगे हैं कि हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी इलाका अब अपराध और नशे का अड्डा बन गया है।

चौंकाने वाली बात यह मामला बढ़ता उससे पहले ही मुजगहन थाना पुलिस को मदद की सुचना दी गई थी। लेकिन थाना स्टाफ और मदद जब तक आती नशेड़ियों ने कारोबारी अशफाक को लहूलुहान कर दिया था। हमलावर शराब के नशे में थे और उन्होंने व्यापारी के साथ मारपीट करने के साथ-साथ सांप्रदायिक गालियाँ और धमकियाँ भी दीं। स्थानीय लोगों ने घटना का वीडियो भी बनाया है जिसमें अपराधियों के पुलिस के सामने बुलंद हौसले दिख रहे हैं।

कार्रवाई के बदले थाने में समझौता !
अब कानून व्यवस्था, राजनीतिक प्रभाव और पुलिस निष्क्रियता का जीवंत उदाहरण बन चुका है। पहले आरोपियों ने अशफाक को खुनाखुन कर दिया और जातिगत गलियां देकर उकसाने की कोशिश किये। पुलिस भी आई और पीड़ित को ही गाड़ी में बिठाकर ले गई। बाद में पुलिस थाना में ही दोनों पक्षों का कथित तौर पर समझौता भी करवा दिया गया। घटना के बाद आरोपियों ने थाने में पहुंचने पर सांसद बृजमोहन अग्रवाल का नाम लिया, जिससे थाने में तनावपूर्ण माहौल बन गया। इसके साथ ही कुछ स्थानीय छुटभैये नेता भी वहाँ पहुँचे, जिन्होंने खुलकर राजनीतिक दबाव बनाते हुए मामले को एफआईआर के बजाय ‘समझौते’ में तब्दील करवा दिया।
पूरा हमला मोबाइल कैमरे में कैद
– घटना का वीडियो स्थानीय लोगों ने बनाया है
– युवक दुकान में घुसकर मारपीट करते हैं
– व्यापारी के सिर पर वार किया जाता है
– गाली-गलौज और सांप्रदायिक टिप्पणी की जाती है
– लोग मदद के लिए चिल्लाते हैं
– पुलिस काफी देर बाद मौके पर पहुँचती है
– ठोस कार्रवाई नहीं की जाती

पुलिस की कार्यशैली भी सवालों के घेरे में
– थाने में कोई लैंडलाइन नंबर नहीं है
– थाना प्रभारी का मोबाइल बंद या अनुपलब्ध रहा
– पुलिस घंटों बाद पहुँची, और हमलावरों से मुर्रवत
– पीड़ित की शिकायत पर कोई गिरफ्तारी या FIR दर्ज नहीं
हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी नशे का अड्डा
– गांजा, शराब और जुएं के कारोबार का केंद्र बनी कॉलोनी
– आए दिन मारपीट और झगड़ों की घटनाएँ होती हैं
– असामाजिक तत्वों को पुलिस और राजनीतिक शह







