
📞 शिकायत, पर कोई सुरक्षा नहीं पहुँची!
घटना के तुरंत बाद ज्योत्सना ने रेलवे हेल्पलाइन 139 पर कॉल किया, परंतु कटनी में कोई सुरक्षा कर्मी नहीं पहुँचा। फिर कहा गया कि अगला स्टॉपेज बताइए, वहाँ सुरक्षा दी जाएगी लेकिन वहाँ भी कोई नहीं आया।जब वे बिलासपुर पहुँची (सुबह 9:15 के करीब) तो वहीं एक और महिला भी थीं जो इसी गिरोह की शिकार बनी थीं। दोनों महिलाएं करीब एक घंटे तक थाने में बैठी रहीं, लेकिन उन्हें यही कहा गया.

📢 अभिनेत्री ज्योत्सना की सीधी अपील
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव, रेलवे विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी से गुहार लगाते हुए कहा:
अगर यात्री ही सुरक्षित नहीं हैं, तो ये यात्रा किस भरोसे की है? कल को कोई गला काट दे तो?आप शिकायत कर भी लें तो क्या फ़ायदा? आज मुझे मारा है, चोरी की गई है, कल किसी की जान भी जा सकती है।

🚨 ये सिर्फ एक अभिनेत्री की नहीं, हर यात्री की सुरक्षा का सवाल है।
🔹 ट्रेनों के आउटर एरिया में बार-बार हो रही ऐसी वारदाते
🔹 रेलवे की तरफ से सुरक्षा बल की गैर-मौजूदगी
🔹 महिला यात्रियों के साथ बढ़ते खतरे
🔹 शिकायत पर भी पुलिस-प्रशासन की ढिलाई
ज्योत्सना की मांग:
1. आउटर में ट्रेन रुकते समय RPF और GRP की तैनाती अनिवार्य हो.
2. ट्रेनों में CCTV और अलर्ट सिस्टम लगाया जाए।
3. रेलवे हेल्पलाइन को ज़मीनी स्तर पर सक्रिय किया जाए।
4. इस गिरोह के खिलाफ विशेष अभियान चलाकर गिरफ्तारी हो।
5. महिला यात्रियों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए।

ज्योत्सना कहती है,
मैं एक कलाकार हूँ, लेकिन इस देश की एक नागरिक भी।मैं सुरक्षित यात्रा का हक माँग रही हूँ रहम नहीं।







