कार से पहुंचा सेंट्रल कमेटी मेंबर रूपेश, 3 बसों में भरकर लाए गए माओवादी, इनमें महिला नक्सलियों की संख्या ज्यादा
शहर सत्ता/रायपुर। (200 Maoists Surrender In Chhattisgarh)जगदलपुर में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के सामने आज शुक्रवार को करीब 200 नक्सली आधिकारिक रूप से आत्मसमर्पण किये। हथियार डालने वाले इन माओवादियों में गुरुवार को बस्तर में सरेंडर करने वाले 140 और कांकेर में पहले आत्मसमर्पण कर चुके लगभग 60 माओवादी शामिल हैं।

अब तक के सबसे बड़े इस आत्मसमर्पण कार्यक्रम जगदलपुर के पुलिस लाइन परिसर में आयोजित किया गया है। जहां तीन बसों में नक्सलियों को भरकर लाया गया। इनमें महिला नक्सलियों की संख्या ज्यादा है। वहीं सेंट्रल कमेटी मेंबर रूपेश को कार से कार्यक्रम स्थल पर लाया गया।

सेंट्रल कमेटी मेंबर सतीश उर्फ टी. वासुदेव राव उर्फ रूपेश भी सरेंडर
नक्सली संगठन के प्रवक्ता और सेंट्रल कमेटी मेंबर (CCM) सतीश उर्फ टी. वासुदेव राव उर्फ रूपेश ने भी आत्मसमर्पण किया था। रूपेश माड़ डिवीजन में सक्रिय था और उस पर 1 करोड़ का इनाम था। बाकी नक्सलियों पर 5 लाख से 25 लाख तक का इनाम घोषित था। नक्सली AK-47, INSAS, SLR और .303 राइफल जैसे हथियारों के साथ इंद्रावती नदी के उसपरी घाट पर पहुंचे थे, जहां से उन्हें बोट से बीजापुर पुलिस के पास लाया गया।

नक्सलियों को उपहार में संविधान की किताब
सरेंडर मंच पर मौजूद हर नक्सली को भारतीय संविधान की प्रति दी गई। यह संदेश कि अब संघर्ष नहीं, संविधान के रास्ते आगे बढ़ना है।

2 दिनों में 258 नक्सलियों ने हथियार डाले
इसके साथ ही शाह ने कहा कि छत्तीसगढ़ में गुरुवार को 170 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया है। कल 27 ने हथियार डाले थे। महाराष्ट्र में भी कल 61 नक्सली हथियार त्याग कर मुख्यधारा में लौटे। पिछले 2 दिनों में कुल 258 वामपंथी उग्रवादियों ने हिंसा का रास्ता छोड़ा है।








