हर सपना चमकता नहीं, कुछ जले हुए किस्सों से भी भरा होता है…
शहरसात्ता/मुंबई. (Bollywood) मुंबई सपनों का शहर, जहाँ हर दिन कोई न कोई लड़की अपने सपनों की गठरी लेकर स्टेशन पर उतरती है। उनमें से एक बनना चाहती है सुपरस्टार, कोई बनना चाहती है रोल मॉडल। लेकिन इस चमकती दुनिया के पीछे एक अंधेरा भी है कास्टिंग काउच।

कास्टिंग डायरेक्टर नेहा सिंघानिया, जो मुंबई फिल्म इंडस्ट्री में नई प्रतिभाओं को मौका देने के लिए जानी जाती हैं, उन्होंने सोशल मीडिया पर एक सशक्त वीडियो शेयर करते हुए बताया कि, जब कोई नई लड़की इंडस्ट्री में आती है, तो हम नहीं जानते कि वो किन हालातों से गुज़र कर यहां तक पहुंची है। क्या उसको फैमिली का सपोर्ट है? क्या वो घर से भागकर आई है? क्या वो आर्थिक रूप से सक्षम है? ये हम कभी नहीं जानते.

नेहा ने खास तौर पर कास्टिंग काउच जैसे ट्रैप पर खुलकर बात की। उन्होंने बताया कि किस तरह लड़कियों को प्राइवेट ऑडिशन के नाम पर होटल रूम में बुलाया जाता है, और वहां उन्हें कहा जाता है

इंडस्ट्री में काम ऐसे ही मिलता है, अगर एडजस्ट नहीं किया, तो चांस नहीं मिलेगा…
लेकिन नेहा सिंघानिया का साफ संदेश है
“डरो नहीं, रुको नहीं, झुको नहीं! टैलेंट की हमेशा वैल्यू होती है, न कि किसी समझौते की।”
उन्होंने लड़कियों को यह भी सलाह दी
👉 ऐसे किसी कॉल पर भरोसा न करें जहाँ जगह साफ़ न बताई गई हो।
👉 किसी ऑडिशन या मीटिंग पर अकेले न जाएँ।
👉 किसी भरोसेमंद व्यक्ति को लोकेशन की जानकारी दें।
👉 ज़रूरत पड़े तो पुलिस या महिला आयोग की मदद लेने में हिचकिचाएँ नहीं।

नेहा का यह वीडियो न सिर्फ़ हिम्मत देने वाला है, बल्कि इंडस्ट्री के काले सच को बेनकाब करता है। वह कहती हैं,
यह इंडस्ट्री मेहनत की भूखी है, मजबूरी की नहीं।
अगर आप सपनों के शहर में हैं, तो खुद को टूटने न दें। संघर्ष हर किसी के हिस्से आता है, लेकिन अपनी अस्मिता और आत्म-सम्मान को कभी गिरवी न रखें। ये दुनिया आपकी मेहनत से ही आपको पहचान देगी।







