मामले की जानकारी देते हुए रायपुर एसएसपी लाल उमेंद सिंह ने बताया की प्रार्थी राधेलाल भारद्वाज ने पुलिस को बताया की, डकैती की रात उनके परिवार के सभी सदस्य अपने-अपने कमरों में सो रहे थे। रात करीब 2:05 बजे, सात नकाबपोश हथियारबंद व्यक्ति उनके घर में घुसे। इन बदमाशों ने राधेलाल और उनकी पत्नी को हथियारों के बल पर धमकाया और घर में रखे सोने-चांदी के आभूषण एवं नकदी पर हाथ साफ़ कर दिया। हमलावरों ने प्रार्थी पर तलवार से वार भी किया, जिससे उनके हाथ में गंभीर चोट आई।

वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी मकान के पीछे के दरवाजे से भाग निकले। प्रार्थी की शिकायत पर पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए मामले की जांच में जुट गई और वारदात के महज तीन दिनों के भीतर ही मामले का खुलासा करने में सफलता हासिल कर कुल 18 में से 15 आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। साथ ही बाकी फरार आरोपियों की भी गिरफ्तारी जल्द के जाने का दवा भी पुलिस द्वारा किया जा रहा है।
वहीँ दूसरी तरफ जून 2024 में खरोरा के ही एक व्यापारी से दिनदहाड़े हुई 26 लाख रूपए की लूट के मामले में पुलिस के हाथ अब तक खाली हैं। वारदात के 10 महीने बाद भी पुलिस अब तक उन दो अज्ञात लूटेरों का पता लगाने में असफल नज़र आ रही है।
10 हज़ार के इनाम की घोषणा
वहीँ गड़ा धन की लालच में 6 लाख रूपए की डकैती करने वाले आरोपियों को पकड़ने में लगी पुलिस और साइबर क्राइम की टीम की तारीफ़ करते हुए रायपुर एसएसपी लाल उमेंद सिंह ने 10 हजार रूपए के इनाम की घोषणा की है। साथ ही एसएसपी सिंह ने लोगों को इस तरह की अफवाहों से बचने की हिदायत देते हुए अपील भी की है।
नहर के रास्ते भागे झारखंड
सूत्र बताते हैं की जून 2024 में खरोरा के व्यापारी से हुई लूट की घटना को अंजाम देने वाले आरोपियों ने घटना के बाद फरार होने के लिए खरोरा से कुछ दूर स्थित नहर के रास्ते का इस्तमाल किया था। आखरी बार दोनों बाइक सवार आरोपियों को लवन से अहिल्दा होते हुए कोरबा के रास्ते झारखंड भाग जाने की सुचना पुलिस को मिली थी। लेकिन उसके आगे आरोपियों की कोई भी निशानदेही तलाशने में पुलिस नाकाम रही।
वहीँ कोरबा के बाद पुलिस के हाथ कोई भी सीसीटीवी फुटेज या कोई ख़ास सबूत नहीं लगे हैं। आरोपियों तक पहुँचाने में खासी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। वहीँ सूत्र यह भी तस्दीक करते हैं की आरोपी नहर के ही रास्ते झारखंड भाग गए थे जहाँ उनकी शिनाख्त करने में पुलिस को 10 महीने का समय लग चूका है।







